शीतकालीन सत्र के तीसरे दिन भाजपा विधायक नीरा यादव सदन से नाराज होकर बाहर निकल गईं थी. नीरा यादव की यह नाराजगी शून्य काल में उनके सवाल नहीं लिए जाने के कारण थी. उन्होंने सदन में विधि व्यवस्था ठीक नहीं होने का आरोप लगाते हुए कहा कि विपक्ष को किसी भी तरह का अधिकार यह सरकार देने को तैयार नहीं है.
हमें शून्यकाल में मौका नहीं दिया गयाः नीरा यादव
उन्होंने कहा कि शून्यकाल के लिए सवाल को लेकर उन्होंने खुद शाम में प्रक्रिया पूरी की थी और बाद में कहा गया कि अभी आपका समय नहीं है. जब मेरे द्वारा एतराज जताया गया तो फिर कागज निकालकर दूसरे नंबर पर उसे रखा गया. इसके बावजूद हमें शून्यकाल में मौका नहीं दिया गया. इससे नाराज होकर हम चलते हुए सदन से बाहर निकल गए.
नीरा यादव ने सदन के बाहर बैठकर जताया विरोध
सदन में स्पीकर द्वारा बोलने का मौका नहीं दिए जाने से नाराज कोडरमा की भाजपा विधायक नीरा यादव ने बुधवार को सदन के बाहर बैठकर विरोध जताई. विधानसभा परिसर में मीडियाकर्मियों से बात करते हुए उन्होंने कहा कि इतनी खराब व्यवस्था आज तक हमने नहीं देखी है. रात में लोग 12 बजे प्रश्न लेकर यहां आते हैं और कुछ लोग इधर-उधर करके सवाल कभी भी लेकर चले आते हैं, जिसे देखने वाला कोई नहीं है. दरअसल, अनुपूरक बजट के दौरान सदन में सत्ता पक्ष विपक्ष की ओर से बोला जाना था, मगर नाम होने के बावजूद नीरा यादव को बोलने का मौका नहीं मिला. जिससे वह नाराज होकर सदन से बाहर निकल गईं थी.










