झारखंड में खुदरा शराब दुकानदारों के लिए राहत की खबर है। राज्य में शराब उठाव को लेकर निर्धारित समय सीमा में बदलाव किया जाएगा। इस संबंध में उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग जल्द ही दिशा-निर्देश जारी करेगा। वर्तमान व्यवस्था के तहत दुकानदारों को माह के अंत में ही अगले माह के लिए निर्धारित शराब बिक्री कोटे का उठाव करना होता है। लंबे समय से राज्य के शराब कारोबारी इस व्यवस्था में बदलाव की मांग कर रहे थे।
शराब उठाव की समय सीमा में 10 दिन की बढ़ोतरी
उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग के मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने बताया कि विभाग शराब कारोबारियों की मांग पर गंभीरता से विचार कर रहा है। प्रस्तावित बदलाव के तहत शराब उठाव की समय सीमा में 10 दिनों की बढ़ोतरी की जाएगी। नए प्रावधान लागू होने के बाद दुकानदार माह की 10 तारीख तक शराब का उठाव कर सकेंगे। इससे कारोबारियों को अतिरिक्त समय मिलेगा और उन पर आर्थिक दबाव भी कम होगा।
अगले वित्तीय वर्ष के राजस्व लक्ष्य पर भी चर्चा
शराब कारोबारियों ने विभाग के समक्ष अगले वित्तीय वर्ष के लिए निर्धारित न्यूनतम राजस्व राशि में प्रस्तावित बढ़ोतरी पर भी पुनर्विचार की मांग रखी है। वर्तमान प्रावधान के अनुसार अगले वित्तीय वर्ष में न्यूनतम राजस्व में 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी तय है। कारोबारियों का कहना है कि मौजूदा परिस्थितियों में यह बढ़ोतरी उनके लिए चुनौतीपूर्ण साबित हो सकती है।
कीमत कम करने की भी उठी मांग
झारखंड शराब व्यापारी संघ के महासचिव सुबोध कुमार जायसवाल ने शराब उठाव की समय सीमा बढ़ाने की प्रक्रिया को जल्द पूरा करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि झारखंड के पड़ोसी राज्यों की तुलना में यहां शराब की कीमतें अधिक हैं। इसी कारण बिक्री प्रभावित हो रही है और दुकानदारों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। संघ ने सरकार से शराब की कीमतों में कमी पर भी विचार करने की मांग की है।










