झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) नियुक्ति घोटाले में सीबीआइ जांच की मांग को लेकर शीर्ष अदालत में दायर की गयी याचिका पर सोमवार को सुनवाई हुई। सुप्रीम कोर्ट ने राज्य में हुए नियुक्ति घोटाले में राज्य सरकार सहित अन्य के खिलाफ नोटिस जारी किया है। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायाधीश जॉयमाल्या बागची और न्यायाधीश वी मोहनन की पीठ ने हरिशरण देवगन की याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया है।
देवगन ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर राज्य में हुए नियुक्ति घोटाले की सीबीआई जांच की मांग की थी। सुनवाई के दौरान याचिकादाता की ओर से कहा गया कि नियुक्ति में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी हुई है। छात्र मामले में सीबीआई जांच के लिए आंदोलन कर रहे हैं. राज्य सरकार सीबीआई जांच के पक्ष में नहीं है। याचिका में कहा गया था कि JPSC और JSSC के माध्यम से हुई नियुक्तियों के दौरान बड़े पैमाने पर गड़बड़ी हुई है। नियुक्ति घोटाले में जारी सीबीआई जांच के दौरान पैसा लेकर आयोग्य लोगों को नियुक्त किये जाने का मामला प्रकाश में आया है।
सीआईडी जांच में मिली जानकारी के आधार पर सरकार ने 22 नियुक्ति परीक्षाओं को रद्द कर दिया है। छह की नियुक्ति प्रक्रिया को स्थगित कर दिया गया है। साथ ही पहले हो चुकी 17 नियुक्तियों को गड़बड़ी की आशंका के मद्देनजर जांच के दायरे में शामिल किया गया है। देवगन की ओर से दायर याचिका में राज्य सरकार, केंद्र सरकार, सीबीआई, सीआईडी, JPSC और JSSC को प्रतिवादी बनाया है।










