हजारीबाग ट्रेजरी घोटाले में बड़ा खुलासा: पुलिसकर्मियों ने फर्जी आईडी से उड़ाए 29 करोड़

Share this News:

हजारीबाग ट्रेजरी घोटाला मामले में सीआइडी ने किंगपिन आरक्षी शंभु कुमार सहित छह आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर दी है. इनमें शंभु कुमार, उसकी पत्नी काजल कुमारी, आरक्षी रजनीश कुमार सिंह उर्फ पंकज सिंह, उसकी पत्नी खुशबू कुमारी, रिश्तेदार सौरभ कुमार और आरक्षी धीरेंद्र सिंह शामिल हैं.

फर्जी टेंपररी आईडी बनाकर की गई करोड़ों की निकासी
चार्जशीट में सीआइडी ने बताया है कि वर्ष 2014 से 2026 के बीच 12 वर्षों के दौरान पुलिसकर्मियों के वेतन मद में फर्जी टेंपररी आइडी बनाकर अवैध निकासी की गई. अब तक की जांच में पता चला है कि आरोपियों ने कुल 24 खातों में करीब 29 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए थे. जिन खातों में पैसे ट्रांसफर किए गए, उनके खाताधारकों को इसकी जानकारी थी या नहीं, इस बिंदु पर सीआइडी की जांच जारी है. सीआइडी ने अब तक 1.60 करोड़ रुपये फ्रीज कराए हैं. शुरुआत में जब मामला सामने आया था, तब आठ वर्षों के दौरान हजारीबाग जिला कोषागार से मात्र दो बैंक खातों में 15.41 करोड़ रुपये के संदिग्ध ट्रांजेक्शन होने की शिकायत हजारीबाग के लोहसिंघना थाना में दर्ज कराई गई थी.

आरोपियों ने जमीन और मकानों में निवेश किया और जेवरात खरीदे
पूरे खेल में हजारीबाग एसपी कार्यालय की लेखा शाखा में तैनात तीनों सिपाही शंभु कुमार, रजनीश सिंह और धीरेंद्र सिंह सीधे तौर पर संलिप्त थे. अवैध रूप से निकाले गए पैसे से आरोपियों ने जमीन और मकानों में निवेश किया. जेवरात खरीदे और ऐशो-आराम पर भी खर्च किया. जिन लोगों के खातों में इन लोगों ने पैसे ट्रांसफर किये, उन्हें तीनों आरोपी आरक्षियों द्वारा कमीशन दिए जाने की बात भी सामने आयी है.

Share this News:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *