बोकारो जिले के बेरमो अनुमंडल के बोकारो थर्मल स्थित स्क्रैप घोषित 630 मेगावाट वाले बी पावर प्लांट को डिस्मैंटल करने का काम अंतिम चरण में है. शुक्रवार को बी पावर प्लांट को जमींदोज कर दिया गया. इसके साथ ही अब यह इतिहास के पन्नों में दर्ज होकर रह गया.
वर्ष 1986 के मार्च में पावर प्लांट का एक नंबर यूनिट, नवंबर 1990 में 2 नंबर यूनिट और अगस्त 1993 में 3 नंबर यूनिट को सिंक्रोनाइज होने के बाद 31 वर्षों तक सफलतापूर्वक बिजली उत्पादन के बाद एक और 2 नंबर यूनिट को 30 जुलाई 2017 को तथा 3 नंबर यूनिट को 1 अप्रैल 2021 को रिटायर करते हुए पूरी तरह से पर्यावरण मानकों के तहत एवं कोयले की ज्यादा खपत के कारण केंद्र सरकार के निर्देश पर डीवीसी की बोर्ड में बैठक कर निर्णय लेने के बाद बंद कर दिया गया था.
पावर प्लांट बंद होने के 2 वर्ष से भी ज्यादा समय के बाद इसे स्क्रैप घोषित कर कटिंग करने के लिए निविदा निकाली गयी.जून-जुलाई 2023 में पावर प्लांट की कटिंग का लगभग 300 करोड़ रुपए का कार्य हैदराबाद की कंपनी राधा स्मेल्टर्स को आवंटित किया गया था. कंपनी के द्वारा प्लांट की कटिंग का कार्य लगभग पूरा कर लिया गया था, लेकिन चिमनी को गिराने का काम बाकी था.
शुक्रवार को कंपनी ने एक्सपर्ट की मौजूदगी में 180 मीटर ऊंची चिमनी को गिराने को लेकर बड़ी ड्रिल मशीन से नीचे से चिमनी की कटिंग शुरू की गयी. इसके ऊपरी हिस्से में केमिकल का लेप लगाया गया. कटिंग के ही क्रम में चिमनी का ऊपरी आधा हिस्सा लगभग 10 बजे सुबह भरभराकर गिर पड़ा.
चिमनी गिरने के क्रम में मशीन के ऑपरेटर सहित अन्य कर्मी जान बचाकर भागे. चिमनी को गिरते देखने के लिए काफी संख्या में लोग एवं कर्मी पावर प्लांट के इनसाइड एवं आउटसाइट में खड़े थे. मोबाइल से वीडियो बना रहे थे. दोपहर बाद बाकी के आधा चिमनी की कटिंग का काम फिर से शुरू हुआ. 5 बजे 2 नंबर चिमनी पूरी तरह से भरभराकर गिर गया. 3 नंबर चिमनी को भी गिराने का की प्रक्रिया जारी है.










